T20 World Cup
अब तक के टी 20 वर्ल्ड कप के 'प्लेयर ऑफ़ द टूर्नामेंट'

टी20 वर्ल्ड कप के हर सीजन में ‘प्लेयर ऑफ़ द टूर्नामेंट’ यानि कि वह खिलाड़ी जो पूरे टूर्नामेंट पर छाया रहा और अपने खेल से सबसे ज्यादा असर डाला। इसीलिए जरूरी नहीं कि सीजन के टॉप स्कोरर या सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले खिलाड़ी को ही ये अवार्ड मिला हो। अब तक के अवार्ड विजेता:

2007- शाहिद अफरीदी (पकिस्तान) 

शाहिद अफरीदी ने 7 मैचों में भले ही 91 रन बनाए पर साथ में 12 विकेट भी लिए। ख़ास बात ये थी कि जो 91 रन बनाए उनके लिए स्ट्राइक रेट 197+ था। ये शानदार ऑलराउंड प्रदर्शन उनके लिए अवार्ड लाया पर उनकी टीम टाइटल न जीत सकी और फाइनल हारी।

 2009- तिलकरत्ने दिलशान (श्रीलंका) 

तिलकरत्ने दिलशान ने 317 रन बनाए 7 मैच में। वे सीजन में टॉप स्कोरर थे और संयोग से फाइनल में 0 पर आउट हुए। उनकी टीम ने टाइटल नहीं जीता।

2010- केविन पीटरसन(इंग्लैंड) 

केविन पीटरसन ने 248 रन, दो 50 और इस सीज़न में 6 मैच खेले। इंग्लैंड ने ट्रॉफी जीती और सबसे बेहतर खेले। हालांकि महेला जयवर्धने ने 302 रन बनाए पर अवार्ड पीटरसन को मिला।

2012- शेन वॉटसन (ऑस्ट्रेलिया) 

शेन वॉटसन 2012 में प्लेयर ऑफ़ द टूर्नामेंट बने, उन्होंने 249 रन और 6 मैच में 11 विकेट तथा तीन 50 बनाए थे। वे टॉप स्कोरर तो थे पर सबसे ज्यादा विकेट नहीं लिए- हाँ अकेले सबसे ज्यादा असरदार लेकिन टीम ने ना फाइनल खेला और न टाइटल जीता।  

2014 – विराट कोहली (भारत ) 

विराट कोहली तब कप्तान नहीं थे और फाइनल में श्रीलंका के खिलाफ टाइटल जीत के लिए टीम का मार्गदर्शन किया पर जीते नहीं। भारत ने स्कोर बोर्ड पर 130/4 दर्ज़ किए- कोहली के 58 गेंद में 77 रन- 5 चौके और 4 छक्के लगाए। पूरे सीजन में ऐसी ही बल्लेबाज़ी की और 6 मैच में 319 रन जिसमें चार बार 50+ स्कोर किया। 

2016- विराट कोहली (भारत) 

विराट कोहली 273 रन- 5 मैचों में 3 अर्द्धशतक के साथ प्लेयर ऑफ़ द टूर्नामेंट रहे। तब भी उनकी टीम ने टाइटल नहीं जीता। भारत ने अपनी पिचों पर खेलने का पूरा फायदा नहीं उठाया। हालांकि तमीम इक़बाल (295) ने उनसे ज्यादा रन बनाए पर असरदार बल्लेबाज़ी के लिए विराट कोहली को लगातार दूसरे सीजन में अवार्ड मिला। 

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