मुख्य बिंदु:
2025 का साल क्रिकेट में सिर्फ खेल तक सीमित नहीं रहा. खिलाड़ियों, अधिकारियों और मैदान के खास पलों से जुड़े मीम्स सोशल मीडिया पर खूब वायरल हुए. इन मीम्स ने हार जीत, गुस्सा, मजाक और जश्न को मजेदार अंदाज में दिखाया.
दिल्ली: 2025 का साल सिर्फ़ बड़े स्कोर, विकेट, विवाद या क्रिकेट में राजनीति और पैसे के खेल के लिए ही चर्चा में नहीं रहा, हंसी-मज़ाक के लिए अलग-अलग मामलों में बनी मीम्स के लिए भी चर्चा में रहा. यूं तो कई ऐसी मीम्स हैं पर टॉप 10 पर इन्हें चुनेंगे:
अबरार अहमद का वायरल सेंड-ऑफ:
चैंपियंस ट्रॉफी 2025 में, ये मीम शुभमन गिल को उनके एनिमेटेड सेंड-ऑफ के बाद आया. गिल के जल्दी आउट होने पर अबर ने उन्हें ट्रोल करने के लिए अपना सिर हिलाया. इस पाकिस्तानी स्पिनर को बहरहाल विराट कोहली ने आईना दिखा दिया और अपने 100 में उन्हें बड़े गजब के अंदाज में पीटा. फैंस ने गिल का विकेट सेलिब्रेट करने के लिए अबर का खूब मज़ाक उड़ाया.
संजीव गोयनका की मुस्कान में छिपा दर्द:
कैमरे हर आईपीएल मैच में 27 करोड़ रुपये की कीमत वाले ऋषभ पंत के सस्ते में आउट होने पर संजीव गोयनका की तरफ मुड़ जाते थे. एक मैच में उलट तमाशा हुआ क्योंकि तब संजीय गोयनका के चेहरे पर गुस्सा नहीं मुस्कराहट थी और कैमरों ने उनके शांत, पर मज़ेदार रिएक्शन को कैप्चर कर लिया. हर मीम में यही था कि संजीव गोयनका ने इसे किस्मत का खेल मानकर गुस्सा पीना सीख लिया है. सोशल मीडिया ने उस पल को बढ़ा-चढ़ाकर पेश किया, जिससे दबाव, उम्मीदों और बड़ी रकम की खरीद के बारे में मज़ाक बनने लगे.
हार के बावजूद अक्षर पटेल का बेफिक्र रिएक्शन:
दिल्ली कैपिटल्स की एक हार के बाद स्टेज पर जब उनसे पूछा गया कि दिल्ली कैपिटल्स मैच कहां हारी तो कोई तकनीकी वजह या खेल की कमियां गिनाने की जगह वे बड़े बेफिक्र और शरारती अंदाज़ में बोले, ‘मैच बस मुंबई की तरफ चला ही गया.’ जब प्रेजेंटर ने छेड़ते हुए कहा कि अक्षर पटेल निराश दिख रहे हैं तो अक्षर हंस पड़े और उनका ये बेफिक्र रिएक्शन ने फैंस को बड़ा पसंद आया और खूब मीम्स बनीं.
ईशान किशन की बैटिंग लाइनअप में एंट्री:
सनराइजर्स हैदराबाद की ज़बरदस्त बैटिंग लाइनअप में शामिल हो जब ईशान किशन ने पहला आईपीएल 100 भी बना दिया तो सोशल मीडिया पर मराठी लाइन ‘काय रे मंडली’ खूब वायरल हुई. ईशान ने सीजन की स्टोरी ही बदल दी। इस मराठी लाइन को अक्सर हलके में, ‘तो अब क्या’ या ‘अब क्या कहते हो’ के लिए इस्तेमाल किया जाता है और ये सीधे मुंबई इंडियंस और बीसीसीआई के उन एक्सपर्ट को जवाब था जिन्होंने उन्हें बेकार मान लिया था.
बेवकूफ…बेवकूफ…बेवकूफ…:
ये और किसी का नहीं, बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी के दौरान ऋषभ पंत के आउट होने पर सुनील गावस्कर का गुस्से वाला ऑन-एयर रिएक्शन था और खूब वायरल हुआ. इतना कि एक केचफ्रेज बन गया और इसका इस्तेमाल फैंस खराब फैसलों का मज़ाक उड़ाने के लिए पूरे साल करते रहे. आईपीएल 2025 में, गावस्कर ने मज़ाक में लाइव टीवी पर लखनऊ की बैटिंग के बारे में बात करते हुए इस लाइन का फिर से इस्तेमाल किया.
शुभमन गिल की स्लेजिंग जो कॉमेडी शो बन गई:
भारत के इंग्लैंड टूर के दौरान, जब कप्तान शुभमन गिल ने तीसरे टेस्ट में, समय बर्बाद कर रहे ज़ैक क्रॉली को घेरा तो गुस्से में आए गिल का ‘थोड़ी हिम्मत दिखाओ’ कहने का एनिमेटेड एक्शन फौरन वायरल हो गया और मीम मोमेंट बन गया सोशल मीडिया पर.
बेन स्टोक्स का हैंडशेक जो अधूरा रह गया:
एंडरसन-तेंदुलकर ट्रॉफी के मैनचेस्टर टेस्ट को ड्रॉ के तौर पर खत्म करने के लिए इंग्लिश कप्तान बेन स्टोक्स ने रवींद्र जडेजा और वाशिंगटन सुंदर को हैंडशेक ऑफर किया. दोनों बल्लेबाज ने इंकार कर दिया। दोनों अपने-अपने 100 के करीब थे और इसे बनाने का मौका क्यों छोड़ते? कोई हैंडशेक का ऑफर करे और ये अधूरा रह जाए तो मीम तो बनने ही थे। ये मोमेंट फ़ौरन वायरल हो गया और खूब मज़ाक उड़ाया.
मोहसिन नकवी का नया निकनेम:
पाकिस्तान के एक मंत्री, बोर्ड चीफ और एसीसी चीफ से भारतीय टीम ने एशिया कप जीतने के बाद ट्रॉफी लेने से इंकार कर दिया तो वे स्टेडियम से खुद तो गायब हुए ही, ट्रॉफी भी साथ ले गए मानो ये उनकी संपत्ति हो. इसी पर उन्हें ‘ट्रॉफी चोर’ का निकनेम मिला और ये ऐसा मीम बन गया जो खूब वायरल हुआ. एक ट्रॉफी प्रेजेंटेशन, उनकी हरकत से मजाक बन गया और नेटिज़न्स मीम बनाने में जुट गए.
चैंपियन टीम पर बिना ट्रॉफी और तब भी सेलिब्रेशन:
इसे नाम मिला ‘इनविजिबल ट्रॉफी’ मीम का. टीम इंडिया ने एसीसी चीफ मोहसिन नकवी से एशिया कप न लिया तो इसका मतलब ये थोड़े ही है कि टीम इंडिया जीत को सेलिब्रेट भी न करे. हाथ यूं बनाए मानो ट्रॉफी उठाई है और सेलिब्रेशन शुरू हो गया. असली ट्रॉफी के बिना भारत के सेलिब्रेशन पर खूब रिएक्शन हुआ और नकवी को उनके गैर-पेशेवर व्यवहार के लिए ट्रोल किया.
स्टुअर्ट ब्रॉड सिर हिलाते-हिलाते रह गए:
ये वायरल मोमेंट तब का है जब स्टुअर्ट ब्रॉड ने एशेज 2025-26 के पर्थ टेस्ट में इंग्लैंड की बैटिंग के ढहने के ठीक बाद निराशा में आंखें बंद कर, चेहरे को बेचैनी से बचाने की नाकामयाब कोशिश में कैमरे से अपना चेहरा छिपाने की कोशिश में, सिर दूसरी तरफ घुमा लिया. थोड़ी ही देर में, लोगों ने इसे सदमे, निराशा और लाचारी के लिए एक रिलेटेबल मीम बना दिया. ब्रॉड ने इस पर और मसाला लगाते हुए कह दिया कि जो हुआ, बस स्वाभाविक रिएक्शन था और मैं तो बस ये प्रार्थना कर रहा था कि यह सच में न हो रहा हो. ये बात इस मीम को और मज़ेदार बना गई.
