भारतीय टीम के युवा विकेटकीपर बल्लेबाज ऋषभ पंत पिछले कुछ महीनों से शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं। उन्होंने बल्ले और विकेटकीपिंग दोनों से टीम की जीत में अहम योगदान दिया है। पंत ने अपने खेल और फिटनेस पर कड़ी मेहनत करते हुए खुद को साबित किया है। विश्व टेस्ट चैंपियनशिप फाइनल के आखिरी दिन से पहले पंत ने अपनी फिटनेस और मानसिकता पर बात की है।

आईसीसी ने बुधवार को अपने आधिकारिक ट्विटर अकाउंट पर एक वीडियो साझा किया है, जिसमें ऋषभ पंत ने बताया है कि वे अपनी मानसिकता पर कैसे काम कर रहे हैं और इस समय उनकी मानसिक स्थिति बेहतर है।

23 साल के बाएं साथ के बल्लेबाज ने वीडियो में कहा, “मुझे लगता है कि मैं पिछले साल की तुलना में बहुत अधिक आश्वस्त खिलाड़ी हूं, क्योंकि एक व्यक्ति के रूप में, जब आप एक अलग मंच पर आते हैं, खासतौर पर घरेलू स्तर से लेकर अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट तक तो आपको उस स्तर पर सेट होने के लिए कुछ समय चाहिए होता है।”

पंत ने आगे कहा, “मैं केवल अपनी मानसिकता पर काम कर रहा हूं और मुझे लगता है कि मैं काफी बेहतर मानसिक स्थिति में हूं।”

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पंत को जब पिछले साल ऑस्ट्रेलिया के विरुद्ध सीमित ओवर्स की सीरीज के लिए टीम इंडिया में जगह नहीं मिली थी तो उन्होंने अपनी फिटनेस और खेल पर कड़ी मेहनत करते हुए उसमें सुधार किया। इसके बाद जब उन्हें ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ दूसरे टेस्ट में मौका दिया गया तो उन्होंने उस मौके को दोनों हाथों से पकड़ते हुए जबरदस्त प्रदर्शन किया।

ऋषभ पंत ने बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी में भारत की जीत में अहम भूमिका निभाई थी। उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के विरुद्ध सिडनी टेस्ट में 97 रनों की शानदार पारी खेली थी, जिससे हनुमा विहारी और रविचंद्रन अश्विन ने मैच बचाने वाली जबरदस्त साझेदारी निभाई थी। इसके अलावा पंत ने गाबा टेस्ट के पांचवें दिन नाबाद 89* रनों की तूफानी पारी खेलते हुए भारत को टेस्ट मैच और सीरीज जिताई थी।