क्रिकेट भगवान कहे जाने वाले सचिन तेंदुलकर ने इंग्लैंड के तेज गेंदबाज ओली रॉबिन्सन के नस्लवादी और लिंगभेद ट्वीट पर अपनी प्रतिक्रिया दी है।

क्रिकेट भगवान कहे जाने वाले सचिन तेंदुलकर ने इंग्लैंड के तेज गेंदबाज ओली रॉबिन्सन के नस्लवादी और लिंगभेद ट्वीट पर अपनी प्रतिक्रिया दी है। तेंदुलकर ने मंगलवार को इस मुद्दे पर बात करते हुए कहा था कि इंग्लिश क्रिकेटर को फिर से अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में खेलने की अनुमति देनी चाहिए। हालांकि, रॉबिन्सन ने अपने इन 8 साल पुराने ट्वीट्स के लिए माफी मांग ली है।

तेंदुलकर ने एएफपी के साथ बातचीत करते हुए कहा, “हमें यह समझने की जरूरत है कि उन्होंने कई सालों पहले ऐसा किया था और इसके लिए रॉबिन्सन ने माफी भी मांग ली है। उन्हें अच्छा प्रदर्शन करने के बावजूद दूसरे टेस्ट में बाहर कर दिया गया। उन्हें एहसास हो गया कि उन्होंने क्या किया… उन्होंने माफी मांगी और यह भी कहा कि ऐसा दोबारा नहीं होगा।”

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48 साल के पूर्व भारतीय बल्लेबाज ने आगे कहा, “हमें उनके साथ निष्पक्ष रहने की जरूरत है और किसी स्तर पर उन्हें खेलना शुरू कर देना चाहिए। आपको आगे बढ़ना होगा। अगर खिलाड़ी दिल से माफी मांगते हैं न की औपचारिकता के तौर पर तो हमें उन्हें माफ करके आगे बढ़ना चाहिए। मैं यह नहीं कह रहा हूं कि उन्हें दंड नहीं देना चाहिए। एक एथलीट अगर किसी इवेंट से बाहर हो जाता है तो यह अपने आप में एक बहुत बड़ी शर्मनाक बात होती है।”

गौरतलब है कि न्‍यूजीलैंड के विरुद्ध पहले टेस्‍ट मुकाबले में डेब्‍यू करने के बाद ही ओली रॉबिन्‍सन के 8 साल पुराने ट्वीट सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो गए थे, जिसमें उन्होंने लिंगभेद और नस्‍लवाद को लेकर टिप्‍पणी की थी। इसके बाद इंग्‍लैंड एंड वेल्‍स क्रिकेट बोर्ड ने उन्‍हें जांच तक के लिए अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट से निलंबित कर दिया था। रॉबिनसन ने भी इस फैसले के बाद अपने परिवार के साथ समय बिताने के लिए क्रिकेट ले लिया था।