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एशेज की हार ने इंग्लैंड को बना दिया खतरनाक! क्या अब टेस्ट में भी अपना लिया है वनडे-T20 का अंदाज?

विश्व क्रिकेट की सबसे बेहतरीन टीमों में से एक इंग्लैंड क्रिकेट टीम के लिए इस साल की शुरुआत किसी बूरे सपने से कम नहीं रही थी। इंग्लैंड को 2021-22 की एशेज सीरीज में मेजबान ऑस्ट्रेलिया के हाथों करारी हार का सामना करना पड़ा था। 5 मैचों की एशेज सीरीज में इंग्लैंड ने 4-0 से मात खाई थी।

इस शर्मनाक हार ने इंग्लैंड क्रिकेट को हिलाकर रख दिया था। इसके बाद वेस्टइंडीज जैसी कमजोर मानी जाने वाली टीम के खिलाफ टेस्ट सीरीज हार ने इंग्लैंड के टेस्ट फॉर्मेट में खेलने के तरीके ने सवाल खड़े कर दिए। हार पर हार से इंग्लिश क्रिकेट में हाहाकार की स्थिति आ गई।

टेस्ट फॉर्मेट में लगातार हो रही बुरी गत के बाद इंग्लिश क्रिकेट में बदलाव की बयार आ गई। एक के बाद एक बड़े बदलाव हुए। जिसमें एशेज की हार के बाद कोच क्रिस सिल्वरवुड की छुट्टी कर दी गई थी, वहीं वेस्टइंडीज के खिलाफ मिली हार के बाद टेस्ट कप्तान जो रूट ने कप्तानी से अलग होने का फैसला कर दिया।

इसके बाद इंग्लैंड क्रिकेट बोर्ड ने बेन स्टोक्स को टेस्ट कप्तान घोषित किया और साथ ही न्यूजीलैंड के पूर्व महान खिलाड़ी ब्रैंडन मैकुलम को टेस्ट में मुख्य कोच बनाया गया। इन बदलावों के बाद अब तो मानों इंग्लैंड की टेस्ट फॉर्मेट में मानसिकता ही बदल चुकी है।

वनडे क्रिकेट की चैंपियन टीम इंग्लैंड ने टेस्ट फॉर्मेट के लिए कप्तान बदला, कोच बदला और अब टीम के खेलने का तरीका ही बदल चुका है। इंग्लिश खिलाड़ी टेस्ट फॉर्मेट में एक अलग ही माइंडसेट के साथ खेल रहे हैं, जो काफी खतरनाक रूप अख्तियार कर चुके हैं।

एशेज की हार के बाद इंग्लैंड के लिए उबरना इतना आसान नहीं था, लेकिन जिस तरह से उन्होंने टेस्ट में खेलने की रणनीति बदली है, उसके बाद मौजूदा दौर में इंग्लैंड को काफी खतरनाक टेस्ट टीम माना जा सकता है। जिन्होंने बेन स्टोक्स और ब्रैंडन मैकुलम की जोड़ी बनने के बाद लगातार 4 टेस्ट मैच जीत चुके हैं।

टेस्ट मैच जीतना इतनी बड़ी बात नहीं है, लेकिन इस दौरान इंग्लैंड के खेलने के तरीके ने बाकी टीमों को हैरान कर दिया है। क्योंकि टेस्ट फॉर्मेट जहां चौथी पारी में किसी टीम के लिए 200 रन के लक्ष्य के सामने भी टिकना मुश्किल होता है, वहीं पर इंग्लैंड ने एक के बाद एक लगातार 4 टेस्ट मैचों में 270 से ज्यादा का स्कोर चेज किया है।

न्यूजीलैंड को लगातार 3 टेस्ट मैच में बड़े लक्ष्य का पीछा करते हुए चौथी पारी में आसानी से जीत दर्ज की। जिसके बाद कई क्रिकेट पंडित इस जीत को इतनी ज्यादा तवज्जो नहीं दे रहे थे, लेकिन भारत के एजबेस्टन में खेले गए टेस्ट मैच में 378 रन के लक्ष्य को हासिल किया, जिसके बाद क्रिकेट पंडित भी हैरान रह गए हैं। भारत जैसी मजबूत गेंदबाजी लाइनअप के सामने मैच के चौथे और पांचवें दिन चौथी पारी में इतने बड़े लक्ष्य का पीछा करना आसान नहीं था, लेकिन इंग्लैंड ने इस लक्ष्य को भी बौना साबित कर दिया।

टेस्ट में इंग्लैंड के बदले हुए अवतार से अब कहीं ना कहीं इंग्लैंड की 2015 के वनडे विश्व कप के बाद की रणनीति ताजा हो रही है। इस टीम को 2015 वनडे विश्व कप में बांग्लादेश जैसी टीम के खिलाफ हारकर बाहर होना पड़ा था। इसके बाद इंग्लैंड ने वनडे और टी20 फॉर्मेट में अपने खेलने का अंदाज बदला जो आज दुनिया के सामने है।

वनडे और टी20 फॉर्मेट में इंग्लैंड टीम खतरनाक बन चुकी है, जिसके बाद अब तो टेस्ट फॉर्मेट में भी इंग्लैंड अपनी वनडे और टी20 की रणनीति के तहत खेलती नजर आ रही है। ऐसे में आने वाले समय में इंग्लैंड की टीम टेस्ट में भी एक खूंखार टीम बनकर सामने आ सकती है। जिसका नमूना उन्होंने हाल के दिनों में दिखा दिया है।

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