जो रुट को वनडे क्रिकेट के टॉप बल्लेबाजों में कभी नहीं गिना गया!.

ये सच है पर किसी ने ध्यान नहीं दिया। फैब-4 के चारों बल्लेबाज़ों की क्रिकेट की जब भी चर्चा हुई तो इनमें से जो रुट का जिक्र आने पर उनके सिर्फ टेस्ट रिकॉर्ड पर ध्यान दिया। आम तौर पर माना ये जाता है कि लिमिटेड ओवर क्रिकेट में विराट कोहली, केन विलियमसन और स्टीव स्मिथ की तुलना में रुट पीछे हैं। क्या वास्तव में ऐसा है?

हुआ ये कि उनके सिर्फ 32 टी20 इंटरनेशनल मैच को देखकर, इसी धारणा को वन डे क्रिकेट पर भी लागू कर दिया। सच ये है कि चेस्टर-ले स्ट्रीट में श्रीलंका के विरुद्ध पहला वन डे, रुट का 150वां वन डे इंटरनेशनल था। इंग्लैंड के लिए सिर्फ 6 क्रिकेटर इससे ज्यादा वन डे खेले हैं और इनमें से भी दो तो जेम्स एंडरसन और डेरन गोफ हैं यानि कि बल्लेबाज़ तो 4 ही हैं, जो इससे ज्यादा मैच खेले। इस वक़्त गिनती 151 वन डे है (श्रीलंका के विरुद्ध दूसरे वन डे तक) और रुट 6109 रन बना चुके हैं 51.33 की औसत तथा 86.84 के स्ट्राइक रेट से। देखिए :

  • इंग्लैंड के लिए उनसे ज्यादा रन (6957) सिर्फ मॉर्गन ने बनाए, पर मैच भी तो 222 खेले।
  • इंग्लैंड के लिए 5000 रन बनाने वालों में वे अकेले हैं, जिनकी बल्लेबाज़ी की औसत 50 से ज्यादा है।
  • इंग्लैंड के लिए 5000 रन बनाने वालों में वे उन दो में से हैं, जिनका स्ट्राइक रेट 80 से ज्यादा है।
  • 100+ मैच खेलने वालों में से सिर्फ तीन खिलाड़ी – विराट कोहली, एबी डी विलियर्स और माइकल बेवन बल्लेबाज़ी की औसत में उनसे ऊपर हैं।

कितनी हैरानी की बात है कि दुनिया में तो क्या, इंग्लैंड में भी उनकी गिनती टॉप वन डे बल्लेबाज़ के तौर पर नहीं होती। यहां तक कि इंग्लैंड की वन डे टीम में उनकी जगह पक्की नहीं गिनी गई। जो रुट ने अपना पहला वन डे इंटरनेशनल 11 जनवरी 2013 को खेला। तब से इंग्लैंड ने 170 मैच खेले – रुट इनमें से 151 खेले पर एक भी मैच में कप्तान नहीं बनाए गए। इंग्लैंड ने उन्हें सफ़ेद गेंद वाली क्रिकेट में कभी ‘टॉप’ के तौर पर देखा ही नहीं।

श्रीलंका के विरुद्ध मौजूदा वन डे सीरीज के पहले दोनों वन डे इंटरनेशनल को ही लीजिए। चेस्टर ले स्ट्रीट में जब 186 के लक्ष्य के सामने इंग्लैंड की टीम लडख़ड़ाने लगी तो 87 गेंद में 79* बनाए पर चौके सिर्फ 4 थे और उसके बाद ओवल में 87 गेंद में 68* बनाए पर चौके सिर्फ 5 थे। ये दोनों स्कोर बता देते हैं कि क्यों रूट को वन डे क्रिकेट के एक टॉप बल्लेबाज़ के तौर पर वह मशहूरी नहीं मिली जिसके वे हक़दार थे, वे एंकर की तरह खेले, जिसे मॉडर्न सोच में समय और गेंद ख़राब करना गिना जाता है।

79* में सिर्फ 4 और 68* में सिर्फ 5 चौके तो उन्हें ऐसा बल्लेबाज़ कौन कहेगा जिसकी क्रिकेट देखने लोग स्टेडियम आएं। बस यही बात है कि इंग्लैंड वाले भी उनकी क्रिकेट को सही तरह समझ नहीं पाए, जबकि सच ये है कि इंग्लैंड ने अब तक जो एकमात्र वन डे वर्ल्ड कप (2019) जीता है, उसमें रुट ने 556 रन बनाए थे और इंग्लैंड के टॉप स्कोरर थे।

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