7 जुलाई 1981 को जन्मे एमएस धोनी के ये 7 रिकॉर्ड ऐसे हैं.

रिकॉर्ड बना है तो इसका मतलब है टूट भी सकता है, लेकिन 7 जुलाई 1981 को जन्मे एमएस धोनी के ये 7 रिकॉर्ड ऐसे हैं, जो शायद कभी न टूटें। कौन से हैं ये अद्भुत रिकॉर्ड, आइये नज़र डालते हैं:

  1. तीनों आईसीसी लिमिटेड ओवर ट्रॉफी जीतने वाले अकेले कप्तान

जून 2013 में, जब भारत ने इंग्लैंड में चैंपियंस ट्रॉफी फाइनल में इंग्लैंड को हराया तो धोनी तीनों आईसीसी लिमिटेड ओवर ट्रॉफी (वर्ल्ड कप, चैंपियंस ट्रॉफी और वर्ल्ड ट्वेंटी 20) जीतने वाले पहले कप्तान बने। सिलसिलेवार देखें तो इनमें 2007 में वर्ल्ड टी20, 2011 में वन डे वर्ल्ड कप और 2013 में चैंपियंस ट्रॉफी में जीत हासिल की।

  1. सबसे ज्यादा इंटरनेशनल मैच में कप्तान

15 अगस्त, 2020 को रिटायर होने से पहले एमएस धोनी ने 200 वन डे इंटरनेशनल, 60 टेस्ट और 72 टी 20 इंटरनेशनल में भारत की कप्तानी की यानि कि कुल 332 इंटरनेशनल मैच। ऑस्ट्रेलिया के रिकी पोंटिंग 324 इंटरनेशनल मैच के साथ इस लिस्ट में दूसरे नंबर पर हैं। आज कल, जिस तरह टेस्ट और लिमिटेड ओवर क्रिकेट टीम के लिए अलग अलग कप्तान बनाने का सिलसिला चल पड़ा है, उसे देखते हुए किसी के लिए भी इस रिकॉर्ड को तोड़ पाना बड़ा मुश्किल होगा।

  1. इंटरनेशनल क्रिकेट में सर्वाधिक स्टंपिंग

स्टंप के पीछे अपने तेजतर्रार एक्शन के लिए मशहूर धोनी बल्लेबाज़ को स्टंप आउट करने के माहिर बन गए। उनके नाम 538 मैच में 195 स्टंपिंग (टेस्ट 38 + वन डे 123 + टी 20 इंटरनेशनल 34) के साथ इंटरनेशनल क्रिकेट में सर्वाधिक स्टंपिंग का रिकॉर्ड है। वे इस रिकॉर्ड की तरफ तेजी से बढ़े वन डे क्रिकेट में 100 स्टंपिंग के रिकॉर्ड तक पहुंचने वाले पहले विकेटकीपर थे। इंटरनेशनल क्रिकेट में सिर्फ तीन विकेटकीपर ऐसे हैं, जिनके नाम 100 से ज्यादा स्टंपिंग हैं पर 150 स्टंपिंग तक पहुँचने वाले वे अब तक के अकेले विकेटकीपर हैं।

  1. विकेटकीपर हैं या गेंदबाज- 9 स्पेल में गेंदबाज़ी?

आम तौर पर विकेटकीपर का मतलब है गेंदबाज़ी न करने वाला खिलाड़ी। फिर भी एमएस धोनी ने 9 इंटरनेशनल मैच में विकेटकीपर के रूप में खेलते हुए भी गेंदबाज़ी की, इंटरनेशनल क्रिकेट में विकेटकीपर के सबसे ज्यादा स्पैल। एमएस धोनी ने इंटरनेशनल क्रिकेट में 538 मैचों में 132 गेंदें फेंकी हैं और एक विकेट लिया है। और कौन सा विकेटकीपर ऐसा करेगा? अभी तक कोई 6 स्पेल से आगे नहीं बढ़ा है।

  1. 6 के शॉट से 9 बार वन डे मैच जीता

उन्होंने रिकॉर्ड 9 बार वन डे इंटरनेशनल मैच में अपनी टीम के लिए जीत हासिल की 6 का शॉट लगाकर, जब पहले खेलते हुए पारी की आखिरी गेंद पर छक्का लगाया, उन अवसर को इसमें नहीं गिना है।

  1. 10 हज़ार से ज्यादा इंटरनेशनल रन नंबर 6 और उससे नीचे

एमएस धोनी ने अपने इंटरनेशनल करियर को कुल 17266 रन पर ख़त्म किया, इस गिनती में सबसे ख़ास बात ये है कि 10628 रन तब बनाए जब नंबर 6 या उससे नीचे के नंबर पर बल्लेबाजी की। इस लिस्ट में दूसरा नाम मार्क बाउचर का है, जिन्होंने 9,365 रन बनाए हैं। मिडिल आर्डर में एमएस धोनी की बल्लेबाजी की बराबरी कर पाना किसी भी क्रिकेटर के लिए बड़ा मुश्किल है। नीचे के नंबर पर बैटिंग में इतने मौके कहाँ कि 10000 रन बना दें?

  1. वनडे क्रिकेट में सबसे ज्यादा नॉट आउट

एमएस धोनी की वन डे क्रिकेट में बल्लेबाज़ी की औसत 50.57 और ये कहने वाले कम नहीं कि इस बेहतर औसत के लिए उनका 297 पारी में से 84 बार नॉट आउट रहना बहुत कुछ जिम्मेदार है। वे नॉट आउट रहे अपने फिनिशर के रोल की वजह से। रिकॉर्ड ध्यान से देखिए, 205 जीत वाले वन डे खेले और इनमें 162 पारी में बैटिंग की। इनमें से भी दूसरे नंबर पर बैटिंग करते हुए जो 75 पारी खेलीं, उनमें से 47 में आउट नहीं हुए- ये है फिनिशर वाली सही भूमिका। उन के बाद दक्षिण अफ्रीका के शॉन पोलक हैं जो वन डे में 72 बार नॉट आउट रहे। अब ताबड़तोड़ खेलने की कोशिश में धोनी जैसा फिनिशर कहां मिलेगा?

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